CG ELECTRICITY | स्मार्ट मीटर से बढ़ता है बिल ?

रायपुर। स्मार्ट बिजली मीटर को लेकर उपभोक्ताओं में बनी शंकाओं के बीच बिजली विभाग ने स्पष्ट किया है कि स्मार्ट मीटर बिजली का बिल नहीं बढ़ाता, बल्कि वास्तविक बिजली खपत के आधार पर सटीक बिल तैयार करता है। विभाग के मुताबिक यदि किसी उपभोक्ता का बिल बढ़ा है तो इसका कारण अधिक बिजली खपत और उच्च टैरिफ स्लैब में पहुंचना है, न कि स्मार्ट मीटर।
रीयल टाइम में मिलेगी खपत की जानकारी
विभाग के अनुसार स्मार्ट मीटर की मदद से उपभोक्ता ‘मोर बिजली ऐप’ के जरिए हर आधे घंटे की बिजली खपत देख सकते हैं। इससे यह पता लगाया जा सकता है कि कौन-से उपकरण सबसे अधिक बिजली खर्च कर रहे हैं और खपत कम करने के लिए समय रहते जरूरी कदम उठाए जा सकते हैं।
बिल बढ़ने की बताई ये वजह
बिजली विभाग ने बताया कि प्रदेश में बिजली दरें तय स्लैब के अनुसार लागू होती हैं। जैसे-जैसे खपत बढ़कर अगले स्लैब में पहुंचती है, बिजली बिल भी बढ़ जाता है। विभाग ने साफ किया कि इसका स्मार्ट मीटर से कोई संबंध नहीं है।
गर्मी में बढ़ी खपत, इसलिए बढ़े बिल
विभाग के मुताबिक अप्रैल, मई और जून में भीषण गर्मी के कारण एसी, कूलर और अन्य विद्युत उपकरणों का उपयोग बढ़ा। इसी वजह से बिजली की खपत अधिक हुई और कई उपभोक्ताओं के बिल भी बढ़े।
हाफ बिजली योजना का भी मिलेगा फायदा
विभाग ने बताया कि स्मार्ट मीटर की मदद से उपभोक्ता अपनी मासिक खपत पर लगातार नजर रख सकते हैं। यदि बिजली उपयोग 400 यूनिट से कम रखा जाए तो राज्य सरकार की हाफ बिजली योजना का लाभ मिलता रहेगा। अधिक खपत होने पर योजना का लाभ प्रभावित हो सकता है।
शिकायत के लिए जारी किया हेल्पलाइन नंबर
बिजली विभाग का कहना है कि स्मार्ट मीटर से जुड़ी अधिकांश शिकायतों की जांच में मीटर सही पाए गए हैं। यदि किसी उपभोक्ता को शिकायत हो तो वह 1912 हेल्पलाइन पर संपर्क कर सकता है।



