INDIA RUSSIA OIL DEAL | पेट्रोल-डीजल महंगा नहीं होगा?

रायपुर डेस्क। भारत में फिलहाल पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ने का खतरा टल गया है। अमेरिका ने भारतीय रिफाइनरियों को रूस से कच्चा तेल खरीदने के लिए 30 दिन का स्पेशल लाइसेंस दे दिया है। यह लाइसेंस 3 अप्रैल तक वैलिड रहेगा, जिससे भारत को तेल सप्लाई बनाए रखने में राहत मिलेगी।
अमेरिकी ट्रेजरी सचिव स्कॉट बेसेंट ने बताया कि राष्ट्रपति ट्रम्प के ऊर्जा एजेंडे के तहत भारत को यह अस्थायी छूट दी गई है। उनका कहना है कि भारत अमेरिका का अहम पार्टनर है और ग्लोबल मार्केट में तेल की सप्लाई को स्थिर रखने के लिए यह फैसला लिया गया है।
इस लाइसेंस के तहत भारत सिर्फ वही रूसी कच्चा तेल खरीद सकेगा, जो 5 मार्च तक जहाजों में लोड हो चुका है। फिलहाल करीब 95 लाख बैरल रूसी तेल टैंकरों में भरकर एशियाई देशों के आसपास समुद्र में वेटिंग मोड में खड़ा है, जिसे भारत जल्द रिसीव कर सकता है।
मिडिल ईस्ट में तनाव और ईरान-इजराइल टकराव के कारण ग्लोबल मार्केट में कच्चे तेल की कीमतें 83-84 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई हैं। ईरान ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को ब्लॉक कर दिया है, जहां से दुनिया की लगभग 20 प्रतिशत तेल सप्लाई गुजरती है। ऐसे में रूस से मिलने वाला सस्ता तेल भारत के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है।
भारत दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा कच्चा तेल उपभोक्ता है और अपनी लगभग 88 प्रतिशत जरूरत का तेल विदेशों से आयात करता है। यही वजह है कि रूस से मिलने वाला डिस्काउंट वाला तेल भारत की ऊर्जा सुरक्षा और पेट्रोल-डीजल की कीमतों को स्थिर रखने में अहम भूमिका निभाता है।
फिलहाल सरकार और तेल कंपनियां स्थिति पर नजर रखे हुए हैं, लेकिन इस छूट के बाद उम्मीद है कि भारत में पेट्रोल-डीजल के दाम तुरंत बढ़ने की नौबत नहीं आएगी।



