CHHATTISGARH | छत्तीसगढ़ शिक्षा विभाग पर 14 हजार केस!

रायपुर, 22 अक्टूबर 2026। छत्तीसगढ़ का शिक्षा विभाग 14 हजार से ज्यादा अदालती मामलों में उलझा हुआ है। पुरानी पेंशन, क्रमोन्नति, प्रमोशन और जीपीएफ से रकम निकासी जैसे मुद्दों पर शिक्षक कोर्ट पहुंच रहे हैं। मामलों का बोझ इतना बढ़ा है कि विभाग को प्रकरणों की निगरानी और कोर्ट में जवाब देने के लिए दो अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करनी पड़ी है।
6 हजार केस पुरानी पेंशन से जुड़े
अनुमानित आंकड़ों के मुताबिक, करीब 6 हजार मामले पुरानी पेंशन और 5 हजार क्रमोन्नति से संबंधित हैं। प्रमोशन को लेकर भी लगभग एक हजार प्रकरण हैं। पुरानी पेंशन में मुख्य विवाद 1998 से शिक्षाकर्मी के रूप में की गई सेवा को गणना में शामिल करने का है। शिक्षक इसे पेंशन में जोड़ने की मांग कर रहे हैं, जबकि शासन 2018 में संविलियन के बाद की सेवा मान्य कर रहा है।
GPF से लाखों की निकासी पर विवाद
जीपीएफ से जुड़ी 400 से ज्यादा शिकायतों में शिक्षकों का दावा है कि उनके खातों से रकम निकाली गई, जबकि उन्होंने पैसा निकाला ही नहीं। कुछ मामलों में 40 लाख से 90 लाख रुपये तक की कथित निकासी सामने आई है। रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं होने से रिकवरी और भुगतान को लेकर विवाद अटके हैं।
प्रमोशन में TET बना नई परेशानी
शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) को प्रमोशन के लिए जरूरी किए जाने पर भी शिक्षक दो वर्गों में बंटे हैं। कुछ वरिष्ठता के आधार पर पदोन्नति चाहते हैं, जबकि TET पास शिक्षक पात्रता के बावजूद प्रमोशन नहीं मिलने का विरोध कर रहे हैं।
स्कूल शिक्षा विभाग के सचिव कमलप्रीत सिंह के मुताबिक, लीगल टीम पुराने मामलों की समीक्षा कर रही है। अब विभाग के सामने इन लंबित विवादों का जल्द निपटारा करना बड़ी चुनौती है।



