CGMSC SCAM | EOW-ACB ने 3 आरोपियों को किया गिरफ्तार …

रायपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित CGMSC घोटाले में EOW-ACB ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई ACB में दर्ज अपराध क्रमांक 05/2025 के तहत की गई है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों में अभिषेक कौशल (डायरेक्टर, रिकॉर्डर्स एंड मेडिकेयर सिस्टम्स प्रा.लि., पंचकुला), राकेश जैन (प्रोप्राइटर, श्री शारदा इंडस्ट्रीज, रायपुर) और प्रिंस जैन (लाईजनर, रिकॉर्डर्स एंड मेडिकेयर सिस्टम्स प्रा.लि. व मुख्य आरोपी शशांक चोपड़ा का जीजा) शामिल हैं।
जांच में सामने आया है कि राज्य में “हमर लैब” योजना के तहत मेडिकल उपकरण और रिएजेंट्स की खरीद प्रक्रिया में गंभीर अनियमितताएं की गईं। निविदा प्रक्रिया के दौरान फर्जी दस्तावेजों के आधार पर टेंडर में भाग लिया गया और आपसी समन्वय के जरिए प्रतिस्पर्धा को प्रभावित किया गया। विवेचना में यह भी पाया गया कि तीनों फर्मों द्वारा टेंडर में उत्पादों का विवरण, पैक-साइज, रिएजेंट्स और कंज्यूमेबल्स एक ही पैटर्न में भरे गए थे, वहीं दरें भी समान रूप से कोट की गई थीं।
इस प्रक्रिया के चलते मोक्षित कॉर्पोरेशन को एमआरपी से तीन गुना तक अधिक कीमत पर रिएजेंट्स और कंज्यूमेबल्स की आपूर्ति का मौका मिला, जिससे शासन को करीब ₹550 करोड़ की आर्थिक क्षति हुई है।
EOW-ACB ने तीनों आरोपियों को 18 जनवरी को गिरफ्तार कर विशेष न्यायालय (भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम), रायपुर में पेश किया, जहां से उन्हें 27 जनवरी 2026 तक पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया है। मामले में जनहित से जुड़ी “हमर लैब” योजना में शासकीय राशि के दुरुपयोग के सभी पहलुओं की जांच जारी है और साक्ष्यों के आधार पर आगे भी कार्रवाई की जाएगी।



