CHHATTISGARH | SBI ब्रांच मैनेजर पर 2.78 करोड़ गबन का आरोप, चालान पेश …

रायपुर। रायपुर में बैंक घोटाले का बड़ा मामला सामने आया है। आर्थिक अपराध अन्वेषण एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (EOW-ACB) ने SBI के मुख्य शाखा प्रबंधक विजय कुमार अहके के खिलाफ विशेष न्यायालय में 1290 पेज का चालान पेश कर दिया है।
जांच में सामने आया कि जिस बैंक की सुरक्षा और वित्तीय व्यवस्था संभालने की जिम्मेदारी उनके पास थी, उसी के सरकारी धन में गबन कर दिया गया। ब्यूरो ने अपनी जांच में उन्हें बैंक का ‘रखवाला’ नहीं बल्कि ‘लुटेरा’ बताया है।
आरोप है कि विजय कुमार अहके ने 28 अगस्त 2024 से 11 जून 2025 के बीच अपने पद का दुरुपयोग करते हुए कंप्यूटर सिस्टम में फर्जी वाउचर तैयार किए। इसके जरिए उन्होंने SCAB शाखा के ब्रांच जनरल लेजर (BGL) खाते से सरकारी धन को अलग-अलग ट्रांजेक्शन में निकाल लिया।
बताया गया कि आरोपी ने हर लेनदेन की राशि 5 लाख रुपये से कम रखी, ताकि बैंक के हाई वैल्यू ट्रांसफर अलर्ट सिस्टम से बचा जा सके। इसके अलावा 30 दिन के भीतर पुरानी एंट्री को रोलओवर कर नई एंट्री में बदल दिया जाता था, जिससे अधिकारियों को असली स्थिति का पता न चल सके।
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी ने कुल 75 ट्रांजेक्शन के जरिए गबन की रकम अपनी पत्नी के बैंक खाते में ट्रांसफर की। उस खाते में आरोपी का मोबाइल नंबर लिंक था, जिससे सभी OTP उसी को मिलते थे।
इसके बाद आरोपी ने नेट बैंकिंग के जरिए पैसे अपने निजी खाते में ट्रांसफर किए और उन्हें डेल्टा एक्सचेंज के जरिए क्रिप्टोकरेंसी, कमोडिटी और ऑप्शन ट्रेडिंग में निवेश कर दिया। इस पूरे घोटाले से बैंक को करीब 2 करोड़ 78 लाख रुपये से ज्यादा का नुकसान हुआ है। फिलहाल आरोपी केंद्रीय जेल रायपुर में बंद है।



