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CG WETHER UPDATE | बढ़ा तापमान… लेकिन ठंड का खतरा अभी टला नहीं! पूरी खबर पढ़ें

 

रायपुर। छत्तीसगढ़ में अब ठंड का तेवर ढीला पड़ता नजर आ रहा है। न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। मौसम विभाग के मुताबिक अगले 7 दिनों तक प्रदेश में अधिकतम और न्यूनतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं होगा। यानी मौसम फिलहाल शुष्क और स्थिर रहने वाला है।

बीते 24 घंटों में सबसे ज्यादा अधिकतम तापमान 32.9°C रायपुर में दर्ज किया गया, जबकि सबसे कम न्यूनतम तापमान 8.3°C अंबिकापुर में रिकॉर्ड हुआ। राजधानी रायपुर में सुबह हल्की धुंध की संभावना है। यहां अधिकतम तापमान 33°C और न्यूनतम तापमान 18°C के आसपास रह सकता है। दिन में हल्की गर्मी महसूस होगी, जबकि सुबह-शाम ठंड का असर बना रहेगा।

फरवरी: ठंड की वापसी या गर्मी की दस्तक?

जनवरी की तरह फरवरी में भी आमतौर पर आसमान साफ रहता है और हवाएं हल्की चलती हैं। लेकिन उत्तर भारत से गुजरने वाले पश्चिमी विक्षोभ कभी-कभी मौसम का मिजाज बदल देते हैं। ऐसे में बादल, गरज-चमक, हल्की बारिश, यहां तक कि आंधी और ओलावृष्टि भी देखने को मिल सकती है।

रायपुर में फरवरी का औसत दिन का तापमान 31.1°C और रात का 16.9°C रहता है। पूरे महीने में औसतन 16.3 मिमी बारिश होती है और सिर्फ 1-2 दिन ही बारिश दर्ज की जाती है। सुबह नमी 61% तक रहती है, जो दिन चढ़ने पर 35% तक गिर जाती है। हवा की रफ्तार करीब 4.2 किमी/घंटा रहती है, जिससे मौसम शांत बना रहता है।

रिकॉर्ड जो चौंकाते हैं

9 फरवरी 1893 को रायपुर में तापमान 5°C तक गिर गया था, जो अब तक की सबसे ठंडी तारीख मानी जाती है। वहीं 28 फरवरी 2009 को पारा 38°C तक पहुंच गया था। 4 फरवरी 1917 को 24 घंटे में 57.4 मिमी बारिश रिकॉर्ड हुई थी, जबकि 1901 में पूरे महीने में 118.9 मिमी बारिश दर्ज की गई थी। यानी फरवरी कभी ठंड तो कभी गर्मी से चौंकाती रही है।

बच्चों पर ठंड का वार

पिछले दिनों कड़ाके की ठंड का असर बच्चों की सेहत पर भी पड़ा। रायपुर के अंबेडकर समेत निजी अस्पतालों में बीते एक महीने में हाइपोथर्मिया के 400 से ज्यादा मामले सामने आए। डॉक्टरों के मुताबिक बच्चों का शरीर जल्दी ठंडा हो जाता है, खासकर नवजात और सीजेरियन से जन्मे शिशु ज्यादा संवेदनशील होते हैं।

क्या है हाइपोथर्मिया?

हाइपोथर्मिया एक जानलेवा स्थिति है, जिसमें शरीर का तापमान 37 डिग्री सेल्सियस से नीचे चला जाता है। शरीर अपनी गर्मी तेजी से खो देता है और अंगों की कार्यक्षमता प्रभावित होने लगती है। ठंडे पानी में शरीर हवा की तुलना में 25 गुना तेजी से गर्मी खोता है, जिससे खतरा और बढ़ जाता है।

स्वास्थ्य विभाग की एडवाइजरी

स्वास्थ्य विभाग ने चेतावनी दी है कि तापमान में अचानक बदलाव से हाइपोथर्मिया, सर्दी-जुकाम और वायरल फीवर का खतरा बढ़ सकता है। जरूरत होने पर ही यात्रा करें और बाहर निकलते समय गर्म कपड़े जरूर पहनें।

इम्यूनिटी कैसे रखें मजबूत?

विटामिन C से भरपूर चीजें जैसे संतरा, नींबू, आंवला डाइट में शामिल करें।

अदरक-तुलसी की चाय या काढ़ा पिएं, जो सर्दी-जुकाम और गले की खराश में राहत देता है।

फिलहाल मौसम स्थिर है, लेकिन फरवरी का मिजाज कब बदल जाए, कहना मुश्किल है। इसलिए हल्की गर्मी के बीच ठंड को हल्के में लेना भारी पड़ सकता है।

 

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