RAIPUR DRUGS CASE | ED की एंट्री! नाव्या ड्रग्स केस में अब मनी ट्रेल की तलाश

रायपुर। रायपुर के चर्चित ड्रग्स केस ने अब नया मोड़ ले लिया है। पुलिस जांच के बाद अब प्रवर्तन निदेशालय (ED) भी मैदान में उतर गया है। एजेंसी ने आरोपी नाव्या मलिक से जुड़े मामले में पुलिस की चार्जशीट, केस डायरी और दूसरे अहम दस्तावेज तलब किए हैं।
ED की नजर अब इस बात पर है कि कथित ड्रग्स कारोबार से कमाया गया पैसा कहां गया, किसके खातों में पहुंचा और किन-किन माध्यमों से उसे खपाया गया। जांच में डिजिटल ट्रांजैक्शन और मनी लॉन्ड्रिंग के एंगल पर खास फोकस किया जा रहा है।
याद रहे कि अगस्त 2025 में MDMA बरामदगी के बाद इस नेटवर्क का खुलासा हुआ था। पूछताछ में नाव्या मलिक का नाम सामने आया और बाद में उसे मुंबई से गिरफ्तार किया गया। पुलिस का दावा था कि हाई-प्रोफाइल पार्टियों तक ड्रग्स सप्लाई का पूरा नेटवर्क मोबाइल और एनक्रिप्टेड ऐप्स के जरिए ऑपरेट होता था।
जांच में नाव्या के मोबाइल से 850 से ज्यादा संपर्क मिलने का दावा किया गया था, जिनमें कारोबारी, क्लब संचालक और कई प्रभावशाली लोगों के नाम भी सामने आए थे। हालांकि अब तक सीमित लोगों पर ही कार्रवाई हुई है।
अब ED की एंट्री के बाद मामला सिर्फ ड्रग्स सप्लाई तक सीमित नहीं रहा। अगर जांच में मनी लॉन्ड्रिंग के ठोस सबूत मिले तो संपत्ति जब्ती समेत कई बड़ी कार्रवाई हो सकती है। माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इस केस से जुड़े नए नाम और वित्तीय कड़ियां सामने आ सकती हैं।



