JHIRAM GHATI CASE | झीरम जांच पर फिर ब्रेक!

बिलासपुर। झीरम घाटी नक्सली घटना की जांच के लिए नए आयोग के गठन का मामला एक बार फिर आगे नहीं बढ़ पाया। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने भाजपा नेता धरमलाल कौशिक की जनहित याचिका पर सुनवाई दो सप्ताह के लिए टाल दी है।
धरमलाल कौशिक ने तत्कालीन भूपेश बघेल सरकार द्वारा गठित नए जांच आयोग के खिलाफ याचिका दायर कर रोक लगाने की मांग की थी। उनका तर्क था कि झीरम घाटी घटना की जांच पहले ही हो चुकी है और दोबारा जांच आयोग बनाने की जरूरत नहीं है।
वहीं राज्य सरकार और झीरम घटना से प्रभावित परिवारों की ओर से अधिवक्ता सुदीप श्रीवास्तव ने हस्तक्षेप याचिका दायर कर कौशिक की याचिका का विरोध किया। उनका पक्ष है कि जांच आयोग अधिनियम के तहत राज्य या केंद्र सरकार को जांच आयोग बनाने का अधिकार है और किसी आयोग की रिपोर्ट से संतुष्ट नहीं होने पर नया आयोग भी गठित किया जा सकता है।
मामले की शुरुआती सुनवाई के दौरान याचिका पर स्टे लग गया था। इसके चलते नया जांच आयोग अब तक अपना काम शुरू नहीं कर पाया है।
मंगलवार को यह मामला चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रविंद्र अग्रवाल की खंडपीठ के सामने लगा। हालांकि चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा के रिटायरमेंट को देखते हुए खंडपीठ ने सुनवाई दो सप्ताह के लिए बढ़ा दी।


