HIGH COURT | अफसरों पर डाल दी 160 करोड़ की जिम्मेदारी! HC ने लगाई रोक

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने मध्यस्थता अवॉर्ड की वसूली को लेकर बड़ा आदेश दिया है। कोर्ट ने साफ किया कि निष्पादन न्यायालय किसी विभागीय अधिकारी पर व्यक्तिगत वित्तीय जिम्मेदारी नहीं डाल सकता।
मामला बस्तर में सड़क निर्माण से जुड़े 160.30 करोड़ रुपए के मध्यस्थता अवॉर्ड की वसूली का है। अधिकारियों से व्यक्तिगत शपथपत्र और अंडरटेकिंग लेने तथा भुगतान नहीं होने पर व्यक्तिगत वित्तीय जिम्मेदारी और अवमानना कार्रवाई की चेतावनी देने वाले निर्देश हाईकोर्ट ने निरस्त कर दिए।
हालांकि, कोर्ट ने स्पष्ट किया कि अवॉर्ड की वसूली पर रोक नहीं है और इसकी कार्रवाई कानून के मुताबिक जारी रहेगी।
जस्टिस रविंद्र कुमार अग्रवाल की पीठ ने कहा कि अवॉर्ड की वसूली धारा 36 और CPC के आदेश 21 के तहत की जानी है। विभाग से भुगतान और संपत्तियों से जुड़ी जानकारी मांगी जा सकती है, लेकिन मूल अवॉर्ड में व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार नहीं ठहराए गए अधिकारियों पर अलग से निजी देनदारी नहीं डाली जा सकती।



