BIG RELIEF TO FMGs | अब दोबारा ट्रेनिंग नहीं, NMC ने बदले नियम

रायपुर डेस्क। FMGs के लिए बड़ी खबर सामने आई है, जहां National Medical Commission (NMC) ने विदेशी मेडिकल ग्रेजुएट्स (FMGs) को बड़ी राहत दी है। कोविड के दौरान ऑनलाइन पढ़ाई करने वाले छात्रों को लेकर जो विवाद चल रहा था, अब उस पर साफ फैसला आ गया है।
MergedPublicNotice_FMG_18_3_26
अब NMC ने साफ कर दिया है कि अगर किसी FMG ने अपनी ऑनलाइन पढ़ाई की भरपाई (compensation) विदेश में ही फिजिकल क्लासेस, अतिरिक्त ट्रेनिंग या कोर्स बढ़ाकर पूरी कर ली है, तो उसे भारत में दोबारा कोई अतिरिक्त ट्रेनिंग या क्लर्कशिप नहीं करनी पड़ेगी।
इस फैसले से हजारों छात्रों को राहत मिली है, क्योंकि पहले 6 मार्च 2026 के नोटिस में कहा गया था कि ऐसे छात्रों को भारत में फिर से ट्रेनिंग करनी होगी। इसी के खिलाफ देशभर में FMGs ने विरोध प्रदर्शन भी किया था।
अब NMC ने अपना पुराना नोटिस वापस लेकर 18 मार्च 2026 को नया क्लियरिफिकेशन जारी किया है। इसके अनुसार, छात्रों को सिर्फ एक वैध “Compensatory Certificate” देना होगा, जो यह साबित करे कि उन्होंने ऑनलाइन पढ़ाई की भरपाई विदेश में ही कर ली है। इसके बाद उन्हें भारत में रजिस्ट्रेशन मिल जाएगा।
हालांकि, जिन छात्रों ने यह compensation विदेश में पूरा नहीं किया है, उन्हें भारत में 1 से 2 साल की क्लर्कशिप करनी होगी।
इसके अलावा, 18 नवंबर 2021 के बाद एडमिशन लेने वाले छात्रों पर नए नियम लागू होंगे, जिसमें FMGE पास करने के बाद भारत में 1 साल की इंटर्नशिप (CRMI) अनिवार्य रहेगी।
NMC ने सभी State Medical Councils को निर्देश दिया है कि वे FMGs के डॉक्यूमेंट्स और सर्टिफिकेट्स की जांच के बाद ही रजिस्ट्रेशन दें।


